प्रेस्टीज इंस्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च, देवास में ‘दीक्षारंभ समारोह 2026’ का हुआ आयोजन
नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए एक सप्ताह के इंडक्शन कार्यक्रम का भी हुआ शुभारंभ।

देवास। प्रेस्टीज इंस्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च (PIMR), देवास में नवप्रवेशित विद्यार्थियों के शैक्षणिक जीवन की नई शुरुआत को यादगार एवं प्रेरणादायी बनाने के उद्देश्य से ‘दीक्षारंभ समारोह 2026’ का भव्य आयोजन 17 अगस्त 2026 को प्रातः 10:30 बजे पद्मश्री डॉ. नेमनाथ जैन ऑडिटोरियम में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन, सरस्वती वंदना, गणेश वंदना एवं प्रेस्टीज एंथम के साथ हुआ। इसके पश्चात संस्थान के विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति दी, जिसने उपस्थित अतिथियों एवं विद्यार्थियों का मन मोह लिया।
समारोह में श्री डिपिन जैन, चांसलर, प्रेस्टीज यूनिवर्सिटी, वाइस चेयरमैन, प्रेस्टीज एजुकेशन फाउंडेशन, चेयरमैन, गवर्निंग बॉडी, PIMR, देवास एवं चेयरमैन, एसोसिएशन ऑफ इंडस्ट्रीज, देवास की गरिमामयी उपस्थिति रही।
श्री डिपिन जैन ने अपने संबोधन में कहा कि प्रेस्टीज शिक्षा को केवल कक्षा तक सीमित नहीं रखता, बल्कि ‘बियॉन्ड दि क्लासरूम लर्निंग पर भी विशेष जोर देता है। विद्यार्थियों को इंटर्नशिप, केस स्टडी एवं इंडस्ट्री एक्सपोज़र के माध्यम से व्यावहारिक अनुभव प्रदान किया जाता है, जो उनके ज्ञान को वास्तविक परिस्थितियों से जोड़ने तथा भविष्य के करियर के लिए आवश्यक कौशल विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री मनोज मूंदड़ा, मैनेजिंग डायरेक्टर, Hydroquip Pvt. Ltd., देवास ने विद्यार्थियों के साथ अपने उद्योग जगत के अनुभव साझा करते हुए विद्यार्थियों को करियर निर्माण एवं भविष्य की संभावनाओं के संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव दिए। विशिष्ट अतिथि डॉ. अनिल वाजपेयी, ग्रुप डायरेक्टर, प्रेस्टीज भोपाल ने अपने संबोधन में कहा कि ‘इनवोकेशन’ विद्यार्थियों के जीवन में एक तरह से दूसरे जन्म के समान है, जहां वे अपने नए शैक्षणिक एवं व्यावसायिक जीवन की शुरुआत करते हैं। उन्होंने पिकासो एवं माइकल एंजेलो के उदाहरण देते हुए कहा कि जिस प्रकार एक कलाकार अनावश्यक एवं अनुपयोगी हिस्सों को हटाकर एक सुंदर मूर्ति का निर्माण करता है, उसी प्रकार प्रत्येक विद्यार्थी के भीतर प्रतिभा एवं क्षमता विद्यमान होती है। संस्थान के शिक्षक उस प्रतिभा को पहचानकर उसे तराशने और एक बेहतर व्यक्तित्व के रूप में आकार देने का कार्य करते हैं।
विशेष अतिथि श्री संजय बंब, प्रेस्टीज देवास के पूर्व विद्यार्थी एवं मैनेजिंग डायरेक्टर, Big Ideas Global, देवास ने अपने विद्यार्थी जीवन से लेकर उद्योग जगत तक की यात्रा के अनुभव साझा करते हुए विद्यार्थियों को अपने लक्ष्यों के प्रति स्पष्ट दृष्टिकोण रखने का संदेश दिया। समारोह में पद्मश्री डॉ. नेमनाथ जैन, फाउंडर, प्रेस्टीज एजुकेशन फाउंडेशन एवं प्रेस्टीज ग्रुप ऑफ इंडस्ट्रीज तथा डॉ. डेविश जैन, चेयरमैन, प्रेस्टीज एजुकेशन फाउंडेशन एवं चांसलर, पी.आई.एम.आर., डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी, इंदौर ने डिजिटल माध्यम से विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उन्हें नए शैक्षणिक सत्र के लिए आशीर्वाद एवं शुभकामनाएं प्रेषित कीं तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। संस्थान की डायरेक्टर प्रो. (डॉ.) आशिमा जोशी ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों का आत्मीय स्वागत करते हुए उन्हें नए शैक्षणिक सत्र के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने वास्तविक जीवन की प्रेरणादायी कहानियों एवं उदाहरणों के माध्यम से विद्यार्थियों को यह संदेश दिया कि सफलता निरंतर प्रयास, अनुशासन, सकारात्मक सोच और सीखने की निरंतर इच्छा से प्राप्त की जा सकती है। प्रो. (डॉ.) आशिमा जोशी ने अपने स्वागत भाषण कहा कि विद्यार्थी एक बीज के समान होते हैं जिस प्रकार एक बीज को विकसित होने के लिए उचित वातावरण, पानी और सूर्य के प्रकाश की आवश्यकता होती है, उसी प्रकार विद्यार्थियों के विकास के लिए संस्थान उन्हें आवश्यक मार्गदर्शन, सहयोग एवं सीखने का अनुकूल वातावरण प्रदान करेगा। उन्होंने विद्यार्थियों को विश्वास दिलाया कि PIMR, देवास में उन्हें अपनी प्रतिभा को पहचानने, अपनी क्षमताओं को विकसित करने और अपने सपनों को साकार करने के लिए निरंतर अवसर एवं सहयोग प्राप्त होगा।
कार्यक्रम में डॉ. योगेन्द्र सिंह रजावत, एडमिशन्स हेड, ने विद्यार्थियों को संस्थान की शैक्षणिक यात्रा, उपलब्ध सुविधाओं, विभिन्न अवसरों एवं संस्थान की व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्रदान की। समारोह के दौरान उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों, जिन्होंने संस्थान में सर्वाधिक प्रतिशत के साथ परीक्षा उत्तीर्ण की, तथा सर्वाधिक उपस्थिति दर्ज करने वाले विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया।.
इस अवसर पर नवप्रवेशित विद्यार्थियों को रक्षा सूत्र बांधकर उनके सफल एवं मंगलमय शैक्षणिक जीवन की कामना की गई। साथ ही, सभी सम्मानित अतिथियों को टोकन ऑफ रिमेंबरेंस के रूप में स्मृति-चिह्न भेंट कर उनका अभिनंदन किया गया। दीक्षारंभ समारोह के साथ ही नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए एक सप्ताह के विशेष इंडक्शन एवं ओरिएंटेशन कार्यक्रम का भी शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम की समन्वयक डॉ. ज्योत्सना सोनी रहीं। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रीय गान के साथ हुआ।


